लेखक गाँव में पर्यावरण प्रहरियों का सम्मान

देहरादून। देश के पहले लेखक गाँव में पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छता के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले पर्यावरण प्रेमियों, पर्यावरण योद्धाओं और स्वच्छता मित्रों को सम्मानित करने के लिए ‘पर्यावरण प्रहरी सम्मान-2026’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन सनराइज अकादमी, माउंटेन वेलफेयर सोसाइटी, कुसुम कांता फाउंडेशन, स्पेक्स तथा हिम फाउंडेशन, देहरादून के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। कार्यक्रम में उत्तराखंड सरकार के पर्यावरण, वन एवं स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण आज के समय की सबसे महत्वपूर्ण आवश्यकताओं में से एक है। प्रकृति और पर्यावरण को सुरक्षित रखने के लिए सरकार के प्रयासों के साथ समाज की सक्रिय भागीदारी भी आवश्यक है। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण एवं स्वच्छता के क्षेत्र में निरंतर कार्य कर रहे लोगों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे सम्मान समाज के अन्य लोगों को भी पर्यावरण के प्रति जागरूक होकर कार्य करने के लिए प्रेरित करते हैं।
लेखक गाँव की निदेशक विदुषी ‘निशंक’ ने अपने स्वागत वक्तव्य में कहा कि पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छता के लिए समाज के प्रत्येक व्यक्ति को अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी। उन्होंने कहा कि पर्यावरण के क्षेत्र में निस्वार्थ भाव से कार्य कर रहे लोगों को सम्मानित करना उनके योगदान को पहचान देने के साथ-साथ समाज को पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रेरित करने का भी माध्यम है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व मुख्यमंत्री एवं पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ ने की। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की पहचान उसकी प्राकृतिक संपदा और हिमालयी पर्यावरण से है। पर्यावरण संरक्षण केवल किसी एक व्यक्ति या संस्था का विषय नहीं, बल्कि हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि प्रकृति के संरक्षण के लिए किए जाने वाले छोटे-छोटे प्रयास भी आने वाली पीढ़ियों के लिए महत्वपूर्ण सिद्ध होते हैं।
कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि पद्मश्री प्रेमचंद शर्मा ने पर्यावरण मित्रों को सम्मानित किए जाने की सराहना करते हुए कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए जमीनी स्तर पर कार्य कर रहे लोगों का सम्मान समाज के लिए प्रेरणादायी है। उन्होंने कहा कि लेखक गाँव की तर्ज पर वे भी किसान गाँव बनाने की दिशा में कार्य करना चाहते हैं, जिससे किसानों, कृषि और ग्रामीण जीवन से जुड़े प्रयासों को एक व्यापक मंच मिल सके। कार्यक्रम में पर्यावरणविद् श्रेणी में नवीन कुमार सडाना, संजय बहुगुणा एवं सुषमा बहुगुणा, प्रेम सिंह तथा अमन गोयल को सम्मानित किया गया। वहीं पर्यावरण योद्धा श्रेणी में सचिन रावत, सिद्धार्थ सजवाण, चंद्र प्रकाश तिवारी, तानिया सिधवाल, गुरजीत सिंह, सुरेंद्र, नीरज, तपस, अमित और जगदीश को सम्मान प्रदान किया गया।
इसी क्रम में स्वच्छता मित्र श्रेणी में दीपांशु, राहुल, सौरभ, मोहित, रूपेश, जयदान, सचिन, सतीश, विनीत, रोहित, राहुल, शुभम, अंजना देवी, सुमित्रा देवी, आशा देवी, अरुणा देवी, सरिता श्यामलाल, जय प्रकाश, राजेश कुमार, अजीत रावत, मयंक, सुरजीत, अरुण, अभिषेक तथा कृष्ण को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों ने सम्मानित सभी प्रतिभागियों के पर्यावरण एवं स्वच्छता के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। आयोजन के माध्यम से ‘स्वच्छ भारत है एक बड़ा अभियान, सब मिलकर करें अपना योगदान’ का संदेश देते हुए पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने का आह्वान किया गया। कार्यक्रम का संचालन मोनिका शर्मा ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन सनराइज अकादमी की प्रबंध निदेशक डॉ. पूजा पोखरियाल ने किया। इस अवसर पर डोईवाला नगर पालिका के अध्यक्ष नरेंद्र सिंह नेगी, डॉ अनिल शर्मा सहित विभिन्न विद्यालयों के शिक्षक, छात्र-छात्राएं तथा पर्यावरण मित्र उपस्थित रहे।